आज भी इंसानों में इंसानियत जिन्दा है इसकी मिसाल है ये 10 तस्वीरे …

0
1769

हमारी दुनिया जितनी आधुनिक होती जा रही है और जिनती हमारे जीवन में सुख सुविधाएँ बढती जा रही है उतनी ही लोगो को पैसो की भूख भी बढती जा रही है | ऐसे में सब तरफ जुर्म भी बढ़ता ही जा रहा है लेकिन इस कलयुग में भी कुछ लोगो में इंसानियत आज भी जिन्दा है उनकी जिन्दा मिसाल हमारे सामने मौजूद ये तस्वीरे है आईये जानते है इनके बारे में ….

1.जहां तमाम लोग दिव्यांग इंसानों के बारे में नहीं सोचते, पर इन लोगों की इंसानियत देखिए कि हाथी को भी नकली टांग लगवा दी है, ताकि वो हमेशा अपने पैरों पर खड़ा रहे।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

2.यह आदमी रोजाना गोद में लेकर इस कुत्ते झील के पानी में जाता है, ताकि बीमार कुत्ता डिप्रेशन में न जाकर खुश रह सके।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

3.कभी कभी बेवजह भी किसी की मदद कर चाहिए। ये जनाब कुछ ऐसा ही बताने की कोशिश कर रहे हैं

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

4.लिफ्ट में ज्यादा देर खड़े रहना इन बूढ़ी ऑन्टी के लिए मुश्किल हो रहा था, तो ये लड़का खुद ही उनकी कुर्सी बन गया।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

5.बिल्ली के बच्चे को बचाने के लिए इतनी जहमत कौन उठाता है। जरा किसी से पूछिए ये सवाल।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

6.कभी कभी इंसानियत दोस्तों की शक्ल में हमारे करीब आती है। वैसे इनके दोस्तों का अंदाज वाकई कमाल का है।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

7.सड़के के किनारे असहाय पड़े दिव्यांग को कुछ बढ़िया सा खाना खिलाने की कोशिश कर रहा है, होटल का यह वेटर। ऐसा करने वाले कितने लोग आपको मिलेंगे।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

8.क्या कोई इंसान ट्रेन को हिला सकता है? मजाक लगता है न! लेकिन इतने सारे इंसान साथ मिल जाएं तो ट्रेन क्‍या दुनिया भी हिल सकती है। एक पैसेंजर की जान बचाने के लिए यहां लोगों ने ट्रेन को ही झुका डाला।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

9.बाढ़ मे फंसे हिरन के बच्चे को बचाने के लिए इस लड़के ने सिर तक पानी में डूबकर किया ऐसा प्रयास जो वाकई काबिले तारीफ है।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया

10.एक शानदार मेंस सैलून चलाने वाला ये बार्बर हफ्ते में एक दिन गरीबों के बाल फ्री में काटता है। इसकी इंसानियत को समझने के लिए आपको भी शायद इससे बाल कटवाने पड़ेंगे।

जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया
जिन्दा है इंसानियत के आज भी इंसानों में ,गज़ब दुनिया