अर्जुन द्वारा द्रौपदी को स्वयंवर में विजित कर लिये जाने के पश्चात पाँचों पाण्डव द्रौपदी को साथ लेकर वहाँ पहुँचे, जहाँ वे अपनी माता कुन्ती के साथ निवास कर रहे थे। द्वार से ही अर्जुन ने पुकार कर अपनी माता से...