पूर्णिमा के चांद से मिलते है ऐसा फायदें जिनके बारें में जान कर दंग रह जाएंगे आप

पूर्ण चंद्रमा

कहते हैं पूर्ण चंद्रमा यानि कि पूर्णिमा की रात खतरनाक होती है। इस रात में कई बुरी शक्तियां लोगों को अपना शिकार बनाती हैं और कुछ ऐसी घटनाओं को अंजाम देती हैं जो इंसानी समझ से परे है।

चंद्रमा का महत्व

पूर्ण चन्द्रमा की रात

पूर्णिमा की रात में मानसिक रोगी और भी अजीब बर्ताव करने लगते हैं। जानवरों में एक अजब-सी हरकत देखने को मिलती है, मानो वे हमें कुछ बताने की कोशिश करते हैं लेकिन हम समझ नहीं पाते। पूर्णिमा की रात को अमूमन बुरा ही माना जाता है लेकिन अगर आपसे कोई कहे कि इस रात से भी कई फायदे मिल सकते हैं तो क्या आप मानेंगे?

चंद्रमा का महत्व

साइंस के नजरिये से देखा जाए तो चंद्रमा केवल एक उपग्रह, जिसे सूर्य की किरणों से रोशनी मिलती है। ऐसा माना गया है कि चंद्रमा का खुद का कोई अस्तित्व नहीं होता। यदि सूरज ना हो तो चंद्रमा का होना ना होना बराबर ही है। लेकिन चंद्रमा की हर एक अवस्था (पूर्ण, अर्ध, अनुपस्थित आकार) से हमें कई लाभ मिलते हैं हम आपको यही बताने जा रहे हैं।

न्यू मून (चांद काफी छोटी या नाम मात्र )

न्यू मून

यह चांद की वह अवस्था है जब वह अपने पहले आकार में आता है। इस समय चांद काफी छोटी या नाम मात्र आकार का दिखाई देता है। कहा जा रहा है कि चांद की इस पोजीशन में अगर हम अपना कोई नया काम या फिर मौजूदा काम में बदलाव लाने की पहल करें तो परिस्थिति हमारे पक्ष में ही आती है।

वैक्सिंग मून (बढ़ता हुआ चांद)

वैक्सिंग मून

इससे तात्पर्य है बढ़ता हुआ चांद। नए चांद के बाद जब चांद अपना आकार धीरे-धीरे बढ़ाने लगता है तो यह एक प्रग्रति को दर्शाता है, इसी समय को यदि हम इस्तेमाल कर लें तो हम किए गए काम में सफलता हासिल होता है। वैक्सिंग मून के दौरान यदि आपको कोई नया-नया प्रोजेक्ट हाथ लगा है, शिक्षा में कोई नई पहले करने जा रहे हैं तो उस काम को करने के लिए वैक्सिंग मूक की किसी भी एक शाम का वक्त निकालं। उस शाम में अगर आप काम करेंगे तो यकीनन आगे चलकर सफलता हाथ लगेगी।

फुल मून (पूर्ण चांद)

फुल मून

पूर्ण चांद की रात यानि चंद्रमा की रात को जितना बुरा माना जाता है, उतना ही यदि उसे सकारात्म्क रूप से इस्तेमाल में लाया जाए तो एक रंक राजा बन सकता है। जी हां… कहा जाता है कि अगर आप कोई नया काम करने की सोच रहे हैं, जीवन के लिए कोई नया मोड़ तलाश रहे हैं और उसे लागू भी करने का विचार बनाया है तो ऐसा करने के लिए पूर्ण चंद्रमा की रात से अधिक शुभ समय नहीं होगा। ऐसा क्यूं, चलिए आपको बताते हैं…… यह बात तो आपने सुनी ही होगी कि पूर्ण चंद्रमा की रात जन्म लेने वाले गुरुत्व बल के कारण समुद्र की लहरों में प्राकृतिक उछाल आता है। मानव शरीर भी 70 प्रतिशत जल से ही बनता है, तो इस प्रकार से हमारे भीतर भी इस रात के कारण ऐसी ऊर्जा अवश्य आती है जिसका प्रयोग में लाना चमत्कारी साबित हो सकता है। अगर इस रात हम अपनी सकारात्मक सोच का उपयोग करते हुए कुछ अलग करें, कुछ नया करें तो हमें उसमें सफल होने से कोई नहीं रोक सकता है।

वेनिंग मून (चांद के आकार का पूर्ण आकार से घटते क्रम में जाना)

वेनिंग मून

इसका अर्थ होता है चांद के आकार का पूर्ण आकार से घटते क्रम में जाना, जिसके बाद वह फिर से नए चांद के रूप में बनता है। अभी तक हमने आपको बताया कि कैसे-कैसे जब चांद बढ़ रहा हो तो वो हमें कार्य करने में सफलता दिलाता है, लेकिन अब घटता हुआ चांद हमें क्या लाभ देगा? दरअसल यह वह समय है जब हमें अपने जीवन की नकारात्मक चीजों को हमेशा के लिए अलविदा कर देना चाहिए। अगर आपको कोई चीज परेशान कर रही है, कोई भी ऐसी बात या वस्तु जिसकी आपको आवश्यकता नहीं है, यहां तक कि कोई ऐसा रिश्ता जिसे हमेशा के लिए छोड़ना चाहते हैं तो उसे छोड़ने का प्रण इस दौरान करें। इस अवधि में चांद आपको ऐसी शक्ति प्रदान करता है कि आप चीजों को छोड़ने में सफल हो पाते हैं। अन्य दिनों में आप अपनी भावनाओं के जंजाल में फंस जाते हैं लेकिन घटते चांद की अवधि में आपको किसी व्यक्ति से भी छुटकारा पाने में मदद मिलती है।