अटक गयी दुपट्टे में दिल की डोर तो कोई क्या करे…..

लो हम हो गए तुम में सराबोर तो कोई क्या करे ।
अटक गयी दुपट्टे में दिल की डोर तो कोई क्या करे ।

पहले ज़माना बसा करता था इस आशियां में
अब तुम्हारी गिरफ्त में हर छोर तो कोई क्या करे ।

YOU MAY LIKE